

आज बात उन लोगों की जो अपने अपने इलाके में पानी की समस्या से जूझ रहे हैं। (वीडियो देखें)

सिटिजन जर्नलिस्ट में आज बात बिजली संकट की। ये संकट और भी गहरा जाता है जब इसमें सरकारी भ्रष्टाचार आग में घी डालता है और प्रशासनिक अधिकारी खामोश रहते हैं। (वीडियो देखें)

रतलाम। भारती जाटव रतलाम की कालोनी में रहती हैं। इस इलाके में पानी के लिए संघर्ष पिछले कई साल से होता आ रहा है। ये सब इसलिए हो रहा है क्योंकि इलाके में लगा हैंडपंप अब पानी नहीं लाल रंग का जहर उगल रहा है। इलाके में नगर निगम 7-8 दिन में पीने के पानी की सप्लाई करता है। धक्का मुक्की और गाली गलौच अब रोज की बात हो गई है। नगर निगम से पानी की सप्लाई ऐसी है कि मजबूरी में रोजमर्रा के कामों के लिए इसी प्रदूषित पानी का इस्तेमाल करना पड़ता है।
रतलाम का भूमिगत पानी पिछले 10 साल में जहरीला हो गया और अब लोग साफ पानी की एक एक बूंद के लिए तरस रहे हैं। रतलाम के भूमिगत पानी का प्रदूषित होना पर्यावरण से हो रहे लगातार हो खिलवाड़ का नतीजा है।

गाजीपुर। गाजीपुर जिले की भाला ग्राम सभा में एक स्कूल के नाम पर फ़र्ज़ी ढंग से विधायक फंड से हजारों रुपए निकाल लिए गए और किसी को इस भ्रष्टाचार की भनक तक नहीं लगी। साल 2005-06 में रीता मिश्रा पूर्व माध्यमिक बालिका विद्यालय को विधायक फंड से एक लाख रुपये स्वीकृत किए गए जिसमें से 75 हजार रुपये की धनराशि जारी भी कर दी गई लेकिन ताज्जुब की बात ये है कि पूरे जिले में ना तो इस नाम से कोई स्कूल है और ना ही इसके नाम से कोई भूमि आवंटित की गई है।
रीता मिश्रा पूर्व माध्यमिक बालिका विद्यालय को कितनी राशि आवंटित की गई इस मामले की तह पर जाने के लिए सिटिजन जर्नलिस्ट सुरेंद्र सिंह ने अक्टूबर में RTI से जानकारी मांगी। सुरेंद्र को पता चला कि स्कूल निर्माण के लिए विधायक फंड से 1 लाख रुपये मंजूर किए गए थे, इसमें से 75 हजार रुपये जारी भी कर दिए गए।

मोतिहारी। प्राइमरी एग्रीकल्चर क्रेडिट सोसाइटी (पैक्स) किसानों का एक संगठन है। हर 5 साल में इसके लिए चुनाव होते हैं। पैक्स का काम किसानों को सस्ती खाद, फसल बीमा और बैंकिंग सेवाएं मुहैया कराना होता है लेकिन पिछले कुछ समय से मोतिहारी जिले के आदापुर प्रखंड की मूर्तिया पैक्स इनमें से कोई भी काम ठीक तरीके से नहीं कर रहा है।
पैक्स की इस शाखा में 894 किसान सदस्य हैं लेकिन किसानों को यहां से ना तो खाद मिलती है और ना ही खेती के लिए सस्ता कर्ज़। ऐसे में किसान राष्ट्रीयकृत बैंकों से महंगा लोन लेने के लिए मजबूर हैं।

नई दिल्ली। भ्रष्टाचार के ख़िलाफ पूरे देश में हलचल है, लेकिन IBN7 ने 2011 की शुरुआत में ही फ़ैसला कर लिया था कि वो भ्रष्टाचार के ख़िलाफ़ लगातार मुहिम चलाएगा। इस कोशिश में आम लोग बेहद जोश के साथ जुड़े और नतीजे में देशभर में फैले भ्रष्टाचार के कई मामले उजागर हुए।
भ्रष्टाचार के खिलाफ आईबीएन7 का ये संघर्ष जारी है। इसी कड़ी में देखिए ऐसे ही सिटीजन जर्नलिस्ट को समेटे खास एपिसोड महेश भट्ट और कुणाल खेमू के साथ। (वीडियो देखें)

नई दिल्ली। IBN नेटवर्क ने आइडिया के सहयोग से समाज के उन योद्धाओं को सम्मानित किया जिन्होंने सिस्टम में बदलाव के लिए सिटीजन जर्नलिस्ट बनकर आवाज बुलंद की। दिल्ली में सिटीजन जर्नलिस्ट्स को सम्मानित करने के लिए मौजूद थी करोड़ों दिल की धड़कन अभिनेत्री विद्या बालन। (वीडियो देखें)

नई दिल्ली। आईबीएन7 का खास शो सिटीजन जर्नलिस्ट समर्पित है उन लोगों के लिए जो हैं तो आम लेकिन उन्हें खास बनाती है अपने व अपनों के हक के लिए उनकी लड़ाई। मिलिए ऐसे ही कुछ सिटीजन जर्नलिस्ट से जो इस बार दावेदार हैं सीजे अवॉर्ड के। (वीडियो देखें)

नोएडा। गौरव बख्शी नोएडा के एक रजिस्ट्री ऑफिस में हो रहे भ्रष्टाचार का सच सामने लाने के लिए सिटिज़न जर्नलिस्ट बने। गौरव के संघर्ष की शुरुआत तब हुई जब उन्होंने अपनी गोद ली बेटी के पिता के तौर पर अपना नाम रजिस्ट्रार के दफ्तर में दर्ज कराना चाहा। सब रजिस्ट्रार ने उनसे रिश्वत की मांग की। गौरव बख्शी ने रिश्वत देने से इनकार कर दिया और इस भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज उठाने का फैसला किया।
गौरव अपने पिता के साथ उन कर्मचारियों के पास गए जिन्होंने रिश्वत की मांग की थी और बातचीत को कैमरे पर रिकॉर्ड कर लिया। जब उन्होंने ये वीडियो अधिकारियों को दिखाकर अपनी शिकायत दर्ज कराई तो उनके और उनके पिता के साथ मारपीट की गई।

बाड़मेर। राजस्थान के एक आम मजदूर ने भ्रष्टाचार के खिलाफ़ आवाज क्या उठाई, भ्रष्टाचारियों के पैरों तले से जैसे जमीन ही खिसक गई। गुनहगारों ने मंगलाराम की टांगें तुड़वा दीं, लेकिन उनका हौसला आज भी बुलंद है।
मंगलाराम ने RTI के जरिए ये जानाकारी मांगी कि सरकार ने उनके गांव में 8 साल में क्या विकास कार्य किए हैं। जब RTI का कोई जवाब नहीं आया, तो उन्होंने सूचना आयुक्त का दरवाजा खटखटाया। साथ ही उन्होंने मनरेगा में हो रही गड़बड़ियों के खिलाफ भी शिकायत दर्ज कराई।






















































