26 अक्टूबर 2014

न्यूजलैटर सब्सक्राइब करें

CLOSE

Sign Up


आपकी राय: क्‍या फेसबुक गर्ल, शिव सैनिक, महाराष्‍ट्र पुलिस तीनों ने अधिकारों का दुरुपयोग किया है?

Updated Nov 20, 2012 at 11:33 am IST |

 

20 नवंबर 2012
hindi.in.com

facebook पर hindi.in.com पेज को LIKE किया क्या?

मुंबई। एक लड़की ने फेसबुक पर मुंबई बंद पर सवाल उठाया था, जबकि दूसरी लड़की ने इस कमेंट को लाइक किया था। इसके बाद पुलिस ने दो लड़कियों को गिरफ्तार किया। बाल ठाकरे पर कमेंट से नाराज शिवसैनिकों ने लड़की के चाचा के घर पर भी पथराव किया। रविवार को बाला साहेब के अंतिम संस्कार के चलते मुंबई बंद का ऐलान किया गया था। ऐसा बताया जा रहा है कि किसी व्‍यक्‍ित ने फेसबुक पर बंद के खिलाफ पेज तैयार किया था। इसी पेज पर लड़की ने बंद से असहमति दर्ज कराई थी। हालांकि,बाद में लड़कियों को जमानत दे दी गई। मुंबई से कुछ दूर बसे उपनगर पालघर से लड़कियों को गिरफ्तार किया गया था।


हिंदी इन डॉट कॉम को बताइए कि क्‍या फेसबुक गर्ल, शिव सैनिक, महाराष्‍ट्र पुलिस तीनों ने अधिकारों का गलत इस्‍तेमाल किया?

 

यह खबर आपको कैसी लगी

10 में से 7 वोट मिले

पाठकों की राय | 20 Nov 2012

Nov 25, 2012

बाला साहब ओ शॅक्स जो बस महाराष्ट्र मे रहनेवाला इंसान ही बता सकता हैं. उनकी हर एक इंसान की जीवन मे क्या ऐईमियत हैं ये बस महाराष्‍ट्र के लोग ही जानते हैं. जब पुलिस फूँक फूँक कर हर एक सेकंड कदम यूटा रही थी और वाहा पर 20 लाख से ज़्यादा लोग वाहा पर मौजूद थे और . उनके चाहहानेवाले इन सभी को मद्देनजर रखते हुए कुछ भी टिपनि उस दिन करना बहुत ग़लत हैं. ज़रा सी बात पर क्या हो जाता इसका अंदाज़ा उन पुलिस वालो को हैं जो 3 दिन घर नही गये पूरी दिन रात ड्यूटी पर ही थे. और जीने लगता हैं बाला साहब कुछ नही थे वे अगर उनके होते हुए मुंबई आते तो पता चलता. कोई भाड़े से भीड़ जमा नही हुई बल्कि लोग उनको पूजते थे इसीलिए लोग इतनी बड़ी तादात में आए थे. इस बीच ऐसा कहना ए तो वही इंसान कर सकता हैं जिन्हे दूसरो का ख़याल नही.

ramesh bhome mumbai

Nov 23, 2012

सूब कुछ एक लिमिट मे हो तो ही अक्चा ल्गता है

deepak jodhpur

Nov 23, 2012

बाला साहब ओ शॅक्स जो बस महाराष्ट्र मे रहनेवाला इंसान ही बता सकता हैं. उनकी हर एक इंसान की जीवन मे क्या ऐईमियत हैं ये बस महाराष्‍ट्र के लोग ही जानते हैं. जब पुलिस फूँक फूँक कर हर एक सेकंड कदम यूटा रही थी और वाहा पर 20 लाख से ज़्यादा लोग वाहा पर मौजूद थे और . उनके चाहहानेवाले इन सभी को मद्देनजर रखते हुए कुछ भी टिपनि उस दिन करना बहुत ग़लत हैं. ज़रा सी बात पर क्या हो जाता इसका अंदाज़ा उन पुलिस वालो को हैं जो 3 दिन घर नही गये पूरी दिन रात ड्यूटी पर ही थे. और जीने लगता हैं बाला साहब कुछ नही थे वे अगर उनके होते हुए मुंबई आते तो पता चलता. कोई भाड़े से भीड़ जमा नही हुई बल्कि लोग उनको पूजते थे इसीलिए लोग इतनी बड़ी तादात में आए थे. इस बीच ऐसा कहना ए तो वही इंसान कर सकता हैं जिन्हे दूसरो का ख़याल नही.

pramod sawan delhi

Nov 22, 2012

लड़कियाँ इसमे ग़लत नही है सब भारतीयों को अपनी बात रखने का हक है शिव सेना के लोगो ने जो तोड़ फोड़ की वो ग़लत है

rajesh dhiman Amala

Nov 22, 2012

देखो ये सब भारत मे ही होता हे जब आपको मालूम हे की नाज़ुक समय मे ऐसे कथन से बचना चाहिए ओर क्या पत्ता कभी ओर समय का बदला ले रहे हो ,

CHAPPU@RAMNARESHGUPTA JAIPUR

Nov 22, 2012

रावण मर गया,लोग दशहरा देखने गये थे।:)

राज Toronto

Nov 22, 2012

There is no democracy in india . In indai democracy define person to person . Siv sena ke liye alag and non siv sena ke liye alag ......... Larki ne kuchh galat nahi kaha tha . Bal thakarey kaun tha ....... Aur uske liye mumbai kiyon band rahe hai. Jo person democracy mai hi belive nahi karta use rajkiy shaman diya gaya .......... Ye sab kewal indai mai hi hota haithat why india is great ..

gufran khan delhi

Nov 22, 2012

Un ladkiyon ko arrest kar galat kiya hai bharat me ab kisi ko koi bat karne ka adhikar bhi khtm ho gaya.

aarti delhi

Nov 22, 2012

Ye bhot galat hai ab bharat jaise desh me kisi ki soch pr bhi pratibandh lagaya jayega ye bhot galat hai.

aarti delhi

Nov 22, 2012

ये ग़लत हे. लेकिन इस प्रसना की आड़ मे शिवसेना को गलिया देना भी ग़लत हे , दंगा करने वाले सब शिवसेनिक हे ? इस्पे भी सक होता हे..जार उनके नाम देखिए , कितने महाराष्टयान हे उसमे., और रही बात कसाब के वक्त की तो उस वक्त शिव सेनिक वही थे जहा मुंबई को बड़ा करने वाले लोग थे. कारगिल मे पाकिस्तानी गुसाए थे तब आप सब कहा थे ? बाद मे सब ठीक हुआ, और इंडियन आर्मी और नॅशनल सेक्यूरिटी गार्डेस मे सब देश के साथ महाराष्ट्र के लोग भी हे,

Rajendra Mumbai

Nov 21, 2012

जब कसाब आया था तो कहा थी शिव सेना,लरकिओ पर गुंडा गार्दी करते शर्म नही आती,

Raj Toronto

Nov 20, 2012

तीनो की ग़लती है, मगर उस लड़की को जानकारी होनी चाहिए थी की वो किसके बारेंमे क्या कोमेंट कर रही है. 20 लाख लोग और अनगिनत चाहनेवाले आदमी के बारेंमे ऐसी कोमेंट करने की ज़रूरत नही थी. एक बात है की वो लड़की मुसलमान थी. तो उसकी कोमेंट से उसकी मान की नकारात्मक भावना दर्शाती है.

Parashuram Pune

Nov 20, 2012

In mumbai,i donot what happens,police is scared of thakre family,the family seems to be above any law that a small innocent girl is chatting with her friend on face book,police will go and arrest her ,she doesnot have the right to talk to her friend.Is it taliban in mumbai or democracy,is it part of india, governed by indian government

anil kataria lubumbashi

Nov 20, 2012

नहीं इसमें लड़कियों कोई गलती नहीं। उनको अपनी राय रखने का पूरा अधिकार था। गलती तो शिवसैनिकों की तालिबानी मानसिकता की और महाराष्ट्र पुलिस की कर्तव्य हीनता की थी।

Tarun Anand Farrukhabad, UP

Nov 20, 2012

बाला शहिब कोई राजनेता नही है ओर ना ही कोई महान आदमी फिर मुंबई पोलीस ने उनको सम्मान दिया यह क्या कम है पूरी मुंबई बंद थी फिर भी किसी लड़की को मारना ग़लत है किसी शहर को बंद कर ठीक नही है मुंबई मेनी कोई ना कोई मरता है फिर शहर रोज बंद करेगे

mukesh new delhi

Nov 20, 2012

Sabko apni baat kehne ka pura haq hai.Jab koi neta kisi k khilaf kuch bhi bolta hai to kuch nahi hota hai but agar public me se koi kuch kehta hai to yeh sare neta bawal machate hain. Wo ladkiya bilkut thik thin. Unke khilaf karwai krne wale police aur shivsena ke upar karwahi ke jani chaihiye......

pawan dehi

Nov 20, 2012

उन लड़कियो का कमेंट करना ग़लत था महाराष्ट्रा की जनता ने अपने प्रिय नेता को महाराष्ट्रा बंद के रूप मे श्रदांजलि दी थी तो इस मे ठाकरे या उनके परिवार की ओर से कोई बंद का एलान भी नही था ओर ठाकरे के परिवार की इस मे क्या ग़लती है ! महाराष्ट्रा पर आतंकी हमला हुआ था तब भी लोगो को बहुत भारी दुख हुआ था ओर महाराष्ट्रा बंद का एलान किया गया था आतंकी हमले मे मारे गये लोगो को श्रदांजलि ओर विरोध के रूप मे तो क्या तब भी ग़लत किया था ? मई मानता हू की लड़कियो का कमेंट ग़लत था !

Bhagirath Singh jaipur

Nov 20, 2012

वैसे तो किसी को भी अपनी बात कहने का हक लेकिनएे ग़लत ह की किसिको अगर कोई बात पसंद न्ही आई तो उसे गिरफ्तार करना विरोध करना उन लड़कियो को इसी बात की सज़ा मिली ना की वो अपनी बात जो उनके दिल मे था वो बोल दिया आज कल इलक्सानो मे ये नेता लोग कुछ भी बोलते ह , क्या ये देश उनका ही है क्या ये देश आम आदमी का न्ही है .ओर तो क्या बोले अब तो बोलने को कुछ रा ही न्ही चुपचाप देखते र्हे जाई हिंद

Anil kumar karwasra surat gujrat

Nov 20, 2012

अपनी बात रखने की यह सज़ा हम क्या पाकिस्तान मे है ऐसी बात है तो हम भी लाइक करतें है अब आप क्या करोगे सायद कुच्छ नही

LOK RAJ PATIALA

Nov 20, 2012

अपनी बात रखने की इतनी बड़ी सज़ा क्या हम पाकिस्तान मैं हैऐसी बात है तो हम भी लीके करतें है देखने वाली बात यह है अब हूमें क्या करते हो आप

LOK RAJ PATIALA

Nov 20, 2012

जी सरासर गूडा गार्दी है जब बालासाहेब की पत्नी का देहांत हुआ था तबी भी शिव सैनेको ने मुंबई मे कई जगह ज़बरदूस्ती बंद करवईया था

ANAND SINSH MUMABI

Nov 20, 2012

किसी की मौत पर सवाल उठाना ग़लत है.लेकिन किसी की बात पर उसे मारना पीटना उस से भी ज़्यादा ग़लत है...क्या हमारे देश मे किसी को अपनी बात कहने का हक नही है...पता नही क्या हो रहा देश मे ...मुझे बहुत दुख होता है ऐसी हालत देख कर.....

amit tiwari jabalpur

Nov 20, 2012

इस मे कोई ग़लत नही हैसब हो हक है अपनी बात बोलने का अगर किसी को नही पसंद तो उसे गिरफ्तार क्यो किया गया

ankit banswara rajesthan

Nov 20, 2012

100/; democrasi के नाम पर हिंदुत्व थोपा जा रहा हे एसे ओर तालिबान मे कॅया फ़र्क हे

rajoo indian amritsar

Nov 20, 2012

बिककूल ग़लत किया शरम की बात है.

sumit Jaipur

Nov 20, 2012

There is no democracy in india, the people who deserve respect they are not getting any respect and the people who give trouble to everyone in the name of religion they are getting too much respect.Everyone knows about the history of this person but they are afraid to talk.In this issue girl is not guilty , guilty is police,maharashtra government and shivsena.Bal thackre's complete life went by hurting many peoples religious, social seentiments, no police or govt. Made a single objection, now for that girl arrest why all are so active.Guilty police ,shivsena should be punished

Mahesh Pune

Nov 20, 2012

It's blunder. it means there is no democracy in India.

Ras Delhi


कृपया ध्यान रखें: अपनी राय देते समय किसी प्रकार के अभद्र शब्द, भाषा का इस्तेमाल न करें। अभद्र शब्दों का इस्तेमाल आपको इस साइट पर राय देने से प्रतिबंधित किए जाने का कारण बन सकता है। सभी टिप्पणियां समुचित जांच के बाद प्रकशित की जाएंगी।
नाम
शहर
इमेल

आज के वीडियो

प्रमुख ख़बरें

Live TV  |  Stock Market India  |  IBNLive News  |  Cricket News  |  In.com  |  Latest Movie Songs  |  Latest Videos  |  Play Online Games  |  Rss Feed  |  हमारे बारे में  |  हमारा पता  |  हमें बताइए  |  विज्ञापन  |  अस्वीकरण  |  गोपनीयता  |  शर्तें  |  साइट जानकारी
© 2011, Web18 Software Services Ltd. All Rights Reserved.