लखनऊ। कहते हैं प्रेम उम्र के बंधन को नहीं मानता। कुछ ऐसी ही कहानी उत्तर प्रदेश के 19 वर्षीय युवक अभिमन्यु की है, जिसने 57 वर्षीया महिला के साथ ब्याह रचाया है।
इस अनोखी शादी का गवाह बना मुरादाबाद का प्रीतम नगर कस्बा, जहां अभिमन्यु ने 57 वर्षीय विधवा सुनीता से बुधवार रात ब्याह रचाया। जहां अभिमन्यु ऑटो चलाता है, वहीं सुनीता अपना और अपने परिवार का पेट पालने के लिए घरों में काम करती हैं।
दो वर्ष पहले बरेली के धुनका गांव की सुनीता के पति इंदर सिंह का देहांत हो गया था। पति की मौत के बाद से वह मुरादाबाद के पुतलीघर क्षेत्र में अभिमन्यु के घर पर किराए पर रहती थी। इस दौरान अभिमन्यु और उसके बीच प्रेम हो गया।
सुनीता की 16 और 25 साल की दो बेटियां हैं, जिनमें से बड़ी बेटी का शादी हो चुकी है और उसके एक बेटा भी है हालांकि सुनीता की शादी के लिए उसके परिवार से सभी लोग राजी थे, लेकिन दूल्हे के परिवार से कोई भी शादी में शामिल नहीं हुआ।
मौके पर मौजूद लोगों ने बताया कि अभिमन्यु के पैदा होते ही उसके पिता अर्जुन सिंह का देहांत हो गया था। चाचा यादराम सिंह ने उसकी परवरिश की। चाचा वर-वधु के उम्र के अंतर को देख इस शादी के पक्ष में नहीं थे और उन्होंने भतीजे को जायदाद से फूटी कौड़ी न देने की धमकी भी दी।
अभिमन्यु को नाबालिग करार देने वाले चाचा ने इसकी शिकायत पुलिस से की। पुलिस ने युवक को बालिग करार देकर मामले में दखलंदाजी करने से इंकार कर दिया। मझोला थाना-प्रभारी जसपाल सिंह ने बताया, "हमने अभिमन्यु का हाईस्कूल का प्रमाणपत्र देखा जिसके मुताबिक उसकी उम्र 19 साल है। कोई भी बालिग युवक शादी कर सकता है।"
(IBNkhabar के मोबाइल वर्जन के लिए लॉगआन करें m.ibnkhabar.com पर!)








कमेंट्स
1